असली-नकली देवताओं के विवाद पर बोले स्वामी कैलाशानंद गिरी, कहा- निष्पक्ष जांच से सामने आए सच्चाई
हरिद्वार में इन दिनों असली और नकली देवताओं को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष और तथ्यों के आधार पर जांच होनी चाहिए, ताकि समाज के सामने वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
मीडिया से बातचीत करते हुए स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने कहा कि धर्म और सनातन से जुड़े विषय अत्यंत संवेदनशील होते हैं। ऐसे मामलों में बिना तथ्यों के किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि समाज में असली और नकली देवताओं को लेकर जिस प्रकार की चर्चाएं चल रही हैं, वे गंभीर विषय हैं और इन पर जिम्मेदारी के साथ विचार किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सनातन धर्म की गरिमा और मर्यादा बनाए रखने के लिए आवश्यक है कि यदि किसी प्रकार के विवाद या आरोप सामने आते हैं, तो उनकी निष्पक्ष जांच कराई जाए। जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएं, उसी आधार पर निष्कर्ष निकाला जाना चाहिए।
स्वामी कैलाशानंद गिरी ने कहा कि किसी भी प्रकार की अफवाह या अधूरी जानकारी समाज में भ्रम की स्थिति पैदा कर सकती है। इसलिए सच्चाई सामने लाने के लिए निष्पक्ष जांच सबसे उचित मार्ग है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जांच के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाना चाहिए, ताकि समाज में किसी प्रकार का भ्रम या अनावश्यक विवाद उत्पन्न न हो।
उन्होंने यह भी कहा कि धर्म और संत समाज से जुड़े मामलों में संयम, पारदर्शिता और सत्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए, जिससे सनातन धर्म की प्रतिष्ठा और सामाजिक सौहार्द बना रहे।
आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज
