जनवरी तक आधुनिक रूप में तैयार होगा श्रीनगर का ऐतिहासिक जीएनटीआई स्टेडियम, विकास योजनाओं को मिली मंजूरी
पौड़ी जिले के श्रीनगर स्थित ऐतिहासिक जीएनटीआई स्टेडियम का पुनर्निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के तहत पुनर्निर्मित किया जा रहा यह स्टेडियम आगामी जनवरी माह तक नए और आधुनिक स्वरूप में तैयार हो जाएगा। कैबिनेट मंत्री एवं श्रीनगर विधायक डॉ. धन सिंह रावत ने अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा में निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
डॉ. धन सिंह रावत ने अपने शासकीय आवास से वर्चुअल माध्यम से श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने जीएनटीआई स्टेडियम के पुनर्निर्माण की प्रगति की जानकारी ली और ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के मुख्य परियोजना प्रबंधक को जनवरी तक स्टेडियम को पूरी तरह तैयार करने के निर्देश दिए।
आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा जीएनटीआई स्टेडियम
मंत्री ने कहा कि स्टेडियम में सभी आवश्यक आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि यह दोबारा स्थानीय सांस्कृतिक और खेल गतिविधियों का प्रमुख केंद्र बन सके।
इसके अलावा उन्होंने धारी देवी रेलवे स्टेशन को आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाने के साथ ही वहां बहुउद्देशीय पार्किंग और आधुनिक पार्क विकसित करने के निर्देश रेलवे अधिकारियों को दिए।
श्रीकोट-स्वीत और डुंगरीपंथ के लिए 3 करोड़ की योजनाएं
समीक्षा बैठक में श्रीकोट-स्वीत और डुंगरीपंथ क्षेत्र के विकास के लिए करीब 3 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास योजनाओं को स्वीकृति दी गई। डॉ. रावत ने स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर योजनाओं के प्रस्ताव जल्द शासन को भेजने के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रस्ताव समय पर शासन को उपलब्ध कराए जाएं। इसमें लापरवाही होने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।
CDS जनरल बिपिन रावत स्टेडियम में बनेगी मॉडल पार्किंग
बैठक में श्रीकोट स्थित सीडीएस जनरल बिपिन रावत स्टेडियम में मॉडल पार्किंग विकसित करने के निर्देश भी दिए गए। मंत्री ने कहा कि स्टेडियम में आने वाले लोगों की सुविधा के लिए आधुनिक पार्किंग व्यवस्था तैयार की जाएगी, जिसमें सैकड़ों वाहनों को खड़ा करने की क्षमता होगी।
इसके साथ ही श्रीनगर स्थित उद्यान विभाग के बगीचे और रीवर फ्रंट के सौंदर्यीकरण को लेकर भी जिला प्रशासन और संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
समीक्षा बैठक में मंत्री ने सभी विकास कार्यों को गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूरा करने पर जोर दिया।
