February 3, 2026

प्रदेश में जल्द ही बनेगी नई आवास नीति, शहरों और धामों की धारण क्षमता पर जल्द शुरू होगा काम

प्रदेश में जल्द ही नई आवास नीति बनेगी। शहरों और धामों की धारण क्षमता पर जल्द काम शुरू भी होगा।सचिव आवास डॉ. आर राजेश कुमार ने बैठक में कई अहम निर्देश दिए।

योजना के तहत चल रहे निर्माण, स्वीकृति और आवंटन की स्थिति पर विस्तार से चर्चा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरे किए जाएं ताकि शहरी क्षेत्रों में जरूरतमंदों को समय पर आवास उपलब्ध कराया जा सके

सचिव आवास डॉ. राजेश ने कहा कि राज्य के लिए एक नई आवास नीति तैयार करना समय की आवश्यकता है क्योंकि वर्ष 2017 में जारी आवास नीति की वैधता अवधि समाप्त हो चुकी है। निर्देश दिए कि नई नीति में शहरीकरण की वर्तमान चुनौतियों, किफायती आवास, पर्वतीय क्षेत्रों की भौगोलिक परिस्थितियों और सतत विकास को विशेष रूप से शामिल किया जाए। उन्होंने एमडीडीए व एचआरडीए की परियोजनाओं की भी समीक्षा करते हुए एचआरडीए को लंबित विकास कार्यों को प्राथमिकता पर पूरा करने के निर्देश दिए।

कैरिंग कैपेसिटी असेसमेंट स्टडी के लिए तैयार ड्राफ्ट पर भी चर्चा
बैठक में एनपीएमसी के अंतर्गत प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 1.0 से संबंधित सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा सितम्बर 2026 के अनुसार पूरा करने के निर्देश दिए। अधिकारियों को 15 दिनों के भीतर आवंटन सहित सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूर्ण करने के लिए औपचारिक पत्र जारी करने को भी कहा।

बैठक में कैरिंग कैपेसिटी असेसमेंट स्टडी के लिए तैयार ड्राफ्ट पर भी चर्चा की गई। सचिव आवास ने इसे राज्य के प्रमुख नगरों, तीर्थस्थलों, विशेषकर चारधाम क्षेत्रों एवं अन्य संवेदनशील क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण बताया। पर्वतीय क्षेत्रों में इस अध्ययन को प्राथमिकता के आधार पर शामिल करने के निर्देश दिए, जिससे विकास कार्यों को पर्यावरणीय संतुलन के साथ आगे बढ़ाया जा सके।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright2017©Spot Witness Times. Designed by MTC, 9084358715. All rights reserved. | Newsphere by AF themes.