January 12, 2026

किसी बाहरी दबाव या नसीहत को स्वीकार नहीं किया जाएगा:विदेश मंत्री एस. जयशंकर

Delhi 02 January 2025,

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भारत – पाकिस्तान जल बंटवारा समझौता के मुद्दे पर कहा कि भारत के पास बुरे पड़ोसियों से खुद की रक्षा करने का पूरा अधिकार है। उन्होंने कि पाकिस्तान की ओर इशारा करते हुए कहा, पाकिस्‍तान हमसे पानी बांटने का आग्रह नहीं कर सकता है, वो भी तब जब पाकिस्‍तान हमारे यहां आतंकवाद फैला रहा है। वहीं, भारत ने जम्‍मू-कश्‍मीर में निलंबित सिंधु जल समझौते के तहत पाकिस्‍तान के हिस्‍से वाली चेनाब नदी पर नया पावर प्रोजेक्‍ट (दुलहस्‍ती स्‍टेज-II पावर प्रोजेक्‍ट) बनाने का फैसला किया है। पर्यावरण मंत्रालय की एक कमेटी ने इसके लिए अनुमति दे दी है। भारत सरकार की ओर से चेनाब नदी पर पावर प्रोजेक्‍ट बनाने का ऐलान कर दिया गया है। पहलगाम की बैसरन घाटी में नृशंस आतंकवादी हमले के बाद भारत ने सिंधु जल समझौते को समाप्त करने की घोषणा कर दी थी।

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा, किसी बाहरी दबाव या नसीहत को स्वीकार नहीं किया जाएगा। आज शुक्रवार 2 जनवरी 2025 को आईआईटी मद्रास में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जयशंकर ने कहा कि दुनिया में कई देशों के पड़ोसी मुश्किल हो सकते हैं, लेकिन भारत की स्थिति इसलिए ज्यादा गंभीर है, क्योंकि उसके पड़ोस में एक ऐसा देश है जिसने आतंकवाद को सुनियोजित तरीके से अपनी नीति के रूप में अपनाया है।

भारतीय विदेश मंत्री ने कहा, भारत यह स्वीकार नहीं कर सकता कि कोई देश एक तरफ पानी साझा करने की मांग करे और दूसरी तरफ भारत में आतंकवाद फैलाए। जयशंकर ने स्पष्ट किया कि आतंकवाद के मुद्दे पर भारत की नीति और कार्रवाई पूरी तरह संप्रभु निर्णय हैं। उन्‍होंने कहा, ‘हम अपने अधिकार का कैसे इस्तेमाल करेंगे, यह हमारा फैसला है। कोई हमें यह नहीं बता सकता कि हमें क्या करना चाहिए और क्या नहीं. हम अपनी सुरक्षा के लिए जो भी जरूरी होगा, वही करेंगे।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright2017©Spot Witness Times. Designed by MTC, 9084358715. All rights reserved. | Newsphere by AF themes.