संशोधित नागरिकता अधिनियम संबंधी याचिकाकाओं पर सुप्रीम कोर्ट में पांच मई से होगी सुनवाई,
Delhi 19 February 2026,
सुप्रीम कोर्ट ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह संशोधित नागरिकता अधिनियम, 2019 (सीएए) की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली इंडियन यूनियन ऑफ मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) की प्रमुख याचिका सहित 200 से अधिक याचिकाओं पर पांच मई से अंतिम सुनवाई शुतूक्षतरू करेगा। सीएए का उद्देश्य हिंदू, सिख, बौद्ध, ईसाई, जैन और पारसी समुदायों से संबंधित उन प्रवासियों को नागरिकता प्रदान करना है जो 31 दिसंबर, 2014 को या उससे पहले पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से भारत में आए थे।
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति विपुल एम. पंचोली की पीठ ने 2019-20 से लंबित याचिकाओं पर अंतिम सुनवाई के संबंध में प्रक्रियात्मक निर्देश जारी किए। पीठ ने कहा कि वह याचिकाकर्ताओं, जिनमें इंडियन यूनियन ऑफ मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के प्रमुख भी शामिल हैं, की दलीलों पर डेढ़ दिन तक सुनवाई करेगी और केंद्र को अपनी दलीलें पेश करने के लिए एक दिन का समय दिया जाएगा।
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि पीठ 12 मई को याचिकाओं पर सुनवाई पूरी कर लेगी। पीठ ने दोनों पक्षों को चार सप्ताह के भीतर अतिरिक्त दस्तावेज और दलीलें दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने पहले पूरे भारत में सीएए के लागू होने से संबंधित याचिकाओं पर सुनवाई करेगी और उसके उ असम तथा त्रिपुरा से संबंधित याचिकाओं पर विचार करेगी
(भाषा)
