February 3, 2026

बंड मेले के समापन में पहुंचे सीएम धामी, कहा- दिव्य और भव्य रूप से आयोजित होगी नंदा राजजात

विकास मेले के अंतिम दिन शुक्रवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने मेलों के माध्यम से स्थानीय उत्पाद और मांगल गीतों को बढ़ावा देने का आह्वान किया। कहा कि ऐसे मेलों व अन्य कार्यक्रमों में जो भी स्मृति चिन्ह व भेंट दी जाएगी, वह स्थानीय स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा बनाए उत्पादों के रूप में ही दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने पीपलकोटी के सेमलडाला मैदान के विस्तार की घोषणा की। साथ ही नंदा राजजात यात्रा को दिव्य व भव्य रुप देने की घोषणा भी की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बंड मेला आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक के साथ ही किसानों, कारीगरों, हस्तशिल्पियों को अपने-अपने उत्पादों, हस्तशिल्प व उत्पादों को प्रदर्शित करने का बेहतर मंच प्रदान करता है। मेले में पर्यटन व उद्यमिता के विकास के लिए रोजगार व स्वरोजगार के अवसर प्रदान करता है। समृद्ध लोक संस्कृति की जीवंत झलक इस मेले में देखने को मिलती है। स्थानीय हस्तशिल्पियों की ओर से निर्मित रिंगाल से बने उत्पाद और बुनकरों द्वारा बने उत्पाद भी यहां मिलते हैं। कहा कि राज्य में जन-जन की सरकार-जन-जन के द्वार के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों की न्याय पंचायतों में समस्याओं का समाधान किया जा रह है।

कहा कि सभी लोग अधिक से अधिक संख्या में अपनी सहभागिता ऐसे कार्यक्रमों में दें। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की रजत जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पारंपरिक मेलों व उत्सवों को बढ़ावा देने के लिए एक जिला-एक मेला को विकसित करने का आह्वान किया था। इस पहल के माध्यम से राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में आयोजित होने वाले पारंपरिक मेले राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उन्हें पहचान मिल सकेगी। पर्यटन को भी एक नई दिशा मिलेगी।

केदारनाथ और बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के काम चल रहे हैं। गौरीकुंड से केदारनाथ धाम तक तथा गोविंदघाट से हेमकुंड साहिब तक रोपवे परियोजनाओं का निर्माण भी शीघ्र शुरू होने जा रहा है। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन के बनने के बाद हमारा वर्षों पुराना सपना पूरा हाेने जा रहा है। इस परियोजना से विकास को गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चमोली जनपद में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में 6251 आवासों का निर्माण किया जा चुका है, जबकि 51 हजार आवासों के सर्वे का काम पूरा कर दिया गया है। चमोली में 13 हजार उज्ज्वला योजना के कनेक्शन भी वितरित किए गए हैं।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright2017©Spot Witness Times. Designed by MTC, 9084358715. All rights reserved. | Newsphere by AF themes.