भारत और फिनलैंड, दोनो देश रूल ऑफ़ लॉ, डायलॉग और डिप्लोमसी में विश्वास रखते हैं: प्रधानमंत्री मोदी,
Delhi, 05 March 2026
फिनलैंड के राष्ट्रपति स्टेटमेंट अलेक्जेंडर स्टब के साथ जॉइंट प्रेस स्टेटमेंट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा,आज विश्व एक अस्थिरता और अनिश्चितता के दौर से गुजर रहा है। यूक्रेन से लेकर वेस्ट एशिया तक- दुनिया के कई हिस्सों में संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। ऐसे ग्लोबल एनवायरमेंट में, भारत और यूरोप—दुनिया की दो बड़ी डिप्लोमेटिक पावर्स अपने संबंधों के सुनहरे दौर में प्रवेश कर रहे है। हमारा बढ़ता सहयोग वैश्विक स्थिरता, विकास और साझा समृद्धि को नई मजबूती दे रहा है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि, वर्ष 2026 की शुरुआत में ऐतिहासिक भारत – यूरोपियन यूनियन फ्री ट्रेड अग्रीमन्ट हुआ। ये अग्रीमन्ट भारत और फिनलैंड के बीच ट्रेड, इनवेस्टमेंट और टेक्नॉलजी सहयोग को और प्रबल करेगा। डिजिटल टेक्नॉलजी, इंफ्रास्ट्रक्चर और सस्टेनिबिलिटी जैसे क्षेत्रों में, भारत और फिनलैंड महत्वपूर्ण साझेदार हैं। साथ ही डिफेन्स, स्पेस, सेमीकन्डक्टर और क्रिटिकल मिनेरल्स जैसे की सेक्टर में भी साझेदारी और गहरी बढ़ेगी। भारत और फिनलैंड जैसे लोकतान्त्रिक और जिम्मेदार देशों की यह स्ट्रटीजिकपार्ट्नर्शिप, पूरे विश्व के लिए ट्रस्टवर्दी टेक्नॉलजी और सप्लाइ चेन सुनिश्चित करने में योगदान देगी।
भारत और फिनलैंड, दोनों, रूल ऑफ़ लॉ, डायलॉग और डिप्लोमसी में विश्वास रखते हैं। हम एकमत हैं कि, केवल मिलिटरी कॉन्फ्लिक्ट से किसी भी मुद्दे का समाधान नहीं निकल सकता। यूक्रेन हो या पश्चिमी एशिया, हम संघर्ष की शीघ्र समाप्ति और शांति के हर प्रयास का समर्थन करते रहेंगे। हम इस बात पर भी एकमत हैं, कि बढ़ते हुए ग्लोबल चैलेंजेंज के समाधान के लिए ग्लोबल इंस्टीट्यूशन का रिफॉर्म, आवश्यक ही नहीं, जरूरी भी है। और आतंकवाद के हर रूप को जड़ से समाप्त करना हमारी साझी प्रतिबद्धता है।
प्रेस वार्ता के पश्चात प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ चर्चा हुई। बातचीत के दौरान, दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया में उभरती स्थिति पर अपनी साझा चिंताओं पर चर्चा की और संवाद तथा कूटनीति के मार्ग पर लौटने की आवश्यकता पर बल दिया प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और फ्रांस क्षेत्र में शांति और स्थिरता की शीघ्र बहाली की दिशा में निकटता से संवाद जारी रखेंगे और अपने प्रयासों में तालमेल बनाए रखेंगे।
बता दें कि, फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब बीते बुधवार को तीन दिवसीय दौरे पर भारत पहुंचे हैं। उनका यह दौरा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण के बाद हो रहा है। राष्ट्रपति स्टब का पद संभालने के बाद यह पहला भारत दौरा है।
भारत और फिनलैंड, दोनो देश रूल ऑफ़ लॉ, डायलॉग और डिप्लोमसी में विश्वास रखते हैं: प्रधानमंत्री मोदी,
India and Finland both believe in the rule of law, dialogue and diplomacy: PM Mod
