राम मंदिर में चंदा और चढ़ावा गबन मामले में सुप्रीम कोर्ट ने तत्काल सुनवाई करने से किया इंकार:12 से 17 जुलाई में होगी नियमित सुनवाई,
Uttarpradesh 29 Jun 2026,
अयोध्या के राम मंदिर में चंदा और चढ़ावा गबन मामले में सुप्रीम कोर्ट में तत्काल सुनवाई करने से इंकार कर दिया है।अधिवक्ता अनूप अवस्थी द्वारा दाखिल जनहित याचिका पर नियमित पीठ में सुनवाई किए जाने के लिए कहा है। जस्टिस एम.एम. सुंदरेश और जस्टिस शील नागू की पीठ ने कहा कि इस मामले पर कोर्ट के दोबारा खुलने के बाद 12 से 17 जुलाई के सप्ताह के दौरान नियमित सुनवाई की जाएगी। याचिका कर्ता की ओर से इस मामले की स्वतंत्र और समयबद्ध सीबीआई या सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में एसआईटी जांच कराने की मांग की गई है।
चंदा और चढ़ावा गबन मामले को लेकर अधिवक्ता मोहित अशोक द्वारा हाई कोर्ट में भी एक जनहित याचिका दाखिल की गई है। इस याचिका में मंदिर के दान पात्रों से मिले चढ़ावे, सोने और चांदी के कथित गबन की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच और भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) से स्पेशल फॉरेंसिक ऑडिट कराने की मांग की गई है।
बता दें कि, उत्तर प्रदेश सरकार ने इस पूरे मामले की जांच के लिए पहले ही तीन सदस्यीय विशेष जांच दल एसआईटी का गठन किया है, जिसमें लखनऊ के मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत, आईजी किरण एस. और वित्त विभाग के विशेष सचिव नील रतन शामिल हैं। इस हाई प्रोफाइल मामले में एसआईटी की जांच रिपोर्ट में नाम आने के बाद पुलिस ने 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। आरोपियों को स्थानीय अदालत (अयोध्या/फैजाबाद कोर्ट) स्पेशल रिमांड मजिस्ट्रेट की अदालत ने मामले में गिरफ्तार सभी 8 आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया है। आरोपियों के पास से पुलिस ने अब तक ₹79.85 लाख की नकदी बरामद करने का दावा किया है। इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 13(1) और भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।
बताया जा रहा है कि,अयोध्या बार एसोसिएशन ने एक बड़ा फैसला लेते हुए प्रस्ताव पास किया है कि कोई भी स्थानीय अधिवक्ता इन आरोपियों की पैरवी (केस की वकालत) नहीं करेगा। अगर कोई ऐसा करता है, तो उस पर 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। बार एसोसिएशन की बैठक में वकीलों ने मुखर होकर कहा कि चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव को अयोध्या छोड़ना होगा। अगर 3 दिन के अंदर नहीं छोड़ते हैं तो पूरी अयोध्या को जाम कर दिया जाएगा। किसी को अयोध्या में आने नहीं दिया जाएगा।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पुलिस ने सोमवार को ट्रस्ट के महासचिव रहे चंपत राय का बयान रिकॉर्ड किया है। अनिल मिश्रा, गोपाल राव का स्टेटमेंट अभी नहीं हुआ है। इनका बयान भी जल्द होगा। करीब 140 लोगों के बयान दर्ज किए जाएंगे। अब सभी की निगाहें पुलिस जांच, न्यायालय की आगामी सुनवाई और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
वहीं श्रीराम मंदिर के ट्रस्ट ने दावा किया कि, मामले की निष्पक्ष जांच होगी और मंदिर को मिला सारा चढ़ावा पूरी तरह सुरक्षित है और उसका पूरा हिसाब-किताब मौजूद है। भक्तों द्वारा दिए गए सभी कीमती सामान, जैसे चांदी की ईंटें और गहने, पूरी तरह सुरक्षित हैं और उनका सही-सही हिसाब रखा गया है। चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफे मिल गए हैं। इन पर क्या कार्रवाई होगी इसको लेकर ट्रस्ट अपनी अगली बैठक में फैसला करेगा।
