उत्तराखंड डेयरी सेक्टर में ईआरपी लागू, आंचल ब्रांड को मिलेगा राष्ट्रीय विस्तार
देहरादून में प्रदेश के डेयरी क्षेत्र को आधुनिक तकनीक से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया। पशुपालन एवं दुग्ध विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा ने आईआरडीटी ऑडिटोरियम, सर्वे चौक में उत्तराखंड कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन (यूसीडीएफ) और प्रदेश के दुग्ध संघों में ईआरपी (एंटरप्राइज रिसोर्स प्लानिंग) प्रणाली का शुभारंभ किया।
इस मौके पर यूसीडीएफ और टाटा कंज्यूमर्स प्रा. लि. के बीच ‘बद्री गाय घी’ और ‘पहाड़ी घी’ के विपणन के लिए एमओयू साइन किया गया। इससे ‘आंचल’ ब्रांड को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलने की उम्मीद जताई गई है।
मंत्री सौरभ बहुगुणा ने कहा कि ईआरपी प्रणाली लागू होने से दुग्ध उपार्जन, प्रसंस्करण, भंडारण और विपणन पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी हो जाएगा। इससे दुग्ध उत्पादकों को समय पर भुगतान, बेहतर गुणवत्ता और योजनाओं का तेजी से लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि अगले छह महीनों में सभी दुग्ध संघों में यह प्रणाली लागू कर दी जाएगी।
कार्यक्रम में खजान दास, अपर सचिव सुरेश चंद्र जोशी सहित कई अधिकारी और दुग्ध संघों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मंत्री ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में औसत दैनिक दुग्ध उपार्जन 2.37 लाख लीटर रहा, जबकि अधिकतम 2.97 लाख लीटर प्रतिदिन दर्ज किया गया। आगामी वर्ष के लिए 3.25 लाख लीटर प्रतिदिन का लक्ष्य तय किया गया है।
इस अवसर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले संगठनों और दुग्ध उत्पादकों को सम्मानित भी किया गया। साथ ही पांच नए बद्री गाय ग्रोथ सेंटर स्थापित करने और सितारगंज में दुग्ध चूर्ण व आइसक्रीम संयंत्र लगाने की घोषणा की गई।
यह पहल प्रदेश के डेयरी सेक्टर को नई ऊंचाइयों तक ले जाने और किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
