June 23, 2026

दिल्ली शराब घोटाला: सुप्रीम कोर्ट में मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका खारिज।

दिल्ली, सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली शराब घोटाला और इससे जुड़े धन संशोधन मामले में आम आदमी पार्टी नेता मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। जस्टिस संजीव खन्ना और जस्टिस एसवीएन भट्टी की पीठ ने कहा कि, इस मामले में 336 करोड़ रुपए का मनी ट्रेल किया जाना साबित हो रहा है। जमानत याचिका खारिज करते हुए पीठ ने 6 से 8 महीने में ट्रायल पूरा करने का निर्देश दिया है। अब कोर्ट के अगले आदेश तक मनीष सिसोदिया को न्यायिक हिरासत में रहना पड़ सकता है।

सुप्रीम कोर्ट ने मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि , मामले में कुछ पहलू अब तक संदेहास्पद हैं। लेकिन 338 करोड़ रुपये ट्रांसफर होने का पहलू लगभग साबित हो रहा है। अतः ज़मानत अर्जी खरिज की जा रही है। लेकिन जांच एजेंसी ने आश्वस्त किया है कि 6 से 8 महीने में ट्रायल पूरा हो जाएगा। याचिका कर्ता को अगले तीन महीनों में ट्रायल की रफ़्तार धीमी लगती है तो, याचिका कर्ता ज़मानत के लिए पुनः याचिका दायर कर सकते हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका पर 17 अक्टूबर को सुनवाई पूरी होने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. तब सिसोदिया के वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कोर्ट में कहा था कि जांच एजेंसी के पास इस पूरे प्रकरण में सिसोदिया से सीधे जुड़ा कोई सबूत नहीं है।

सुप्रीम कोर्ट ने पिछली सुनवाई में, प्रवर्तन निदेशालय से कहा था कि अगर दिल्ली आबकारी नीति में बदलाव के लिए कथित तौर पर दी गई रिश्वत ‘अपराध से आय’ का हिस्सा नहीं है, तो संघीय एजेंसी के लिए सिसोदिया के खिलाफ धनशोधन का आरोप साबित करना कठिन होगा।

सीबीआई ने आबकारी नीति ‘घोटाले’ में कथित संलिप्तता पर , मनीष सिसोदिया को 26 फरवरी को गिरफ्तार किया था। सिसोदिया के जेल में रहने के दौरान प्रवर्तन निदेशालय ने धनशोधन मामले में तिहाड़ जेल में पूछताछ के बाद सिसोदिया को फिर गिरफ्तार कर लिया था। सिसोदिया तभी से जेल में बंद हैं।

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