चंडीगढ़ दौरे पर डॉ. धन सिंह रावत, सहकारिता क्षेत्र में उत्तराखंड-हरियाणा करेंगे अनुभव साझा
उत्तराखंड के सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने अपने एक दिवसीय चंडीगढ़ प्रवास के दौरान हरियाणा स्टेट को-ऑपरेटिव एपेक्स बैंक लिमिटेड के मुख्यालय का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बैंक की कार्यप्रणाली, डिजिटल बैंकिंग सेवाओं तथा किसानों, महिलाओं और युवाओं के आर्थिक सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत जानकारी ली। अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में सहकारिता क्षेत्र में नवाचार और पारदर्शी व्यवस्था को लेकर भी चर्चा हुई।
मीडिया को जारी बयान में डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि सहकारिता के क्षेत्र में हरियाणा ने विशेष रूप से बैंकिंग सेवाओं, डिजिटल नवाचार और जनहितकारी योजनाओं के माध्यम से उल्लेखनीय कार्य किया है। उन्होंने कहा कि दोनों राज्यों के बीच सहकारिता के क्षेत्र में अनुभवों और उत्कृष्ट कार्यप्रणालियों का आदान-प्रदान किया जाएगा, जिससे उत्तराखंड और हरियाणा दोनों में सहकारिता आंदोलन को नई दिशा और मजबूती मिलेगी।
डॉ. रावत ने उत्तराखंड सरकार की दीनदयाल उपाध्याय अल्पकालीन एवं मध्यकालीन ऋण वितरण योजना की जानकारी साझा करते हुए बताया कि इस योजना के तहत किसानों को ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि योजना का लाभ बड़ी संख्या में किसान उठा रहे हैं, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है और कृषि क्षेत्र को भी नई गति मिली है। उन्होंने कहा कि सहकारिता आधारित ब्याज मुक्त ऋण योजना प्रदेश में प्रभावी परिणाम दे रही है।
इस अवसर पर डॉ. धन सिंह रावत ने हरियाणा स्टेट को-ऑपरेटिव बैंक के नवनियुक्त अध्यक्ष भारत भूषण जुयाल को बधाई देते हुए उनके सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में बैंक नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगा और सहकारी बैंकिंग को और अधिक सशक्त बनाएगा।
वहीं, हरियाणा स्टेट को-ऑपरेटिव बैंक के अध्यक्ष भारत भूषण जुयाल ने डॉ. धन सिंह रावत का स्वागत करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में उत्तराखंड ने सहकारिता क्षेत्र में कई उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने उत्तराखंड की शून्य प्रतिशत ब्याज ऋण योजना, सहकारी संस्थाओं के आधुनिकीकरण और डिजिटल पहल की सराहना करते हुए कहा कि इन प्रयासों की चर्चा हरियाणा सहित अन्य राज्यों में भी हो रही है।
बैठक के दौरान बैंक अधिकारियों ने पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बैंक की उपलब्धियों, वित्तीय समावेशन, डिजिटल बैंकिंग, किसानों के लिए संचालित योजनाओं और सहकारी बैंकिंग को अधिक प्रभावी बनाने के लिए हरियाणा सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की जानकारी भी साझा की।
