June 23, 2026

AIIMS को 10 दिन बाद भी नहीं मिल पाई नई हेली एंबुलेंस, 17 मई को केदारनाथ में हेलीकाप्टर हुआ था क्षतिग्रस्त

केदारनाथ में हेली एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद एम्स ऋषिकेश को अभी तक दूसरी एंबुलेंस नहीं मिली है जिससे मरीजों को परेशानी हो रही है। कंपनी को जल्द एंबुलेंस देने को कहा गया है अन्यथा कानूनी कार्रवाई या दूसरी कंपनी से संपर्क किया जाएगा। प्रतिदिन तीन-चार कॉल आ रहे हैं जिससे मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

कंपनी की ओर से हेली एंबुलेंस नहीं मिलने पर एम्स की ओर से कानूनी पहलुओं के साथ दूसरी कंपनी से हेली एंबुलेंस लेने पर भी विचार किया जा रहा है। हेली एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद से इसकी सेवा नहीं मिल पा रही है। जबकि हर दिन तीन से चार काल हेली एंबुलेंस के लिए एम्स में आ रहीं हैं।
17 मई को केदारनाथ में एक यात्री को सांस संबंधी गंभीर परेशानी होने पर उन्हें लेने के लिए एम्स के हेली एंबुलेंस ने ऋषिकेश से उड़ान भरी थी। हेलीकाप्टर में एक पायलट सहित एक इमरजेंसी मेडिसन के चिकित्सक व एक नर्सिंग आफिसर थे।

केदारनाथ में हेलीकाप्टर लैंडिंग से पहले दुर्घटनाग्रस्त हो गय था। उसके बाद से हेली एंबुलेंस सेवा ठप पड़ी है। एम्स प्रशासन ने हेली एंबुलेंस के लिए पिनेकल एविएसंस से अनुबंध किया है। हेली के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद कंपनी को दूसरी हेली एंबुलेंस उपलब्ध कराना था।
दुर्घटना के 10 दिन बाद भी एम्स को कंपनी की ओर से नई एंबुलेंस नहीं मिल पाई है। एम्स प्रशासन ने हेली एंबुलेंस को महत्व व आवश्यकता से पहले ही कंपनी को अवगत करा दिया था। इन दिनों राज्य में चारधाम यात्रा चल रही है।

इसे देखते हुए गंभीर रूप से बीमार मरीजों को लाने के लिए हेली एंबुलेंस की जरूरत पड़ती है। राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों में गर्भवतियों के लिए भी हेली एंबुलेंस संजीवनी का काम कर रही थी। अब भी हेली एबुलेंस सेवा के लिए हर दिन तीन से चार काल एम्स में आ रही है।
हेली एंबुलेंस सेवा के नोडल अधिकारी डा. मधुर उनियाल ने बताया कि कंपनी को जल्द अनुबंध के अनुसार नई हेली एंबुलेंस देने को कहा गया है। इसके जल्द मिलने की उम्मीद है। उनका कहना है कि ऐसा नहीं होता है तो कानूनी पहलुओं पर विचार किया जा रहा है।
दूसरी कंपनी पवन हंस से भी हेली एंबुलेंस लेने का विकल्प है। बताया कि चारधाम रूट से गंभीर मरीजों को एम्स लाने के लिए दिन में तीन से चार काल आ रही है।

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